रूपनारायणपुर में फिल्मी अंदाज में गिरफ्तारी: रेलवे नौकरी के नाम पर 33 लाख की ठगी का आरोपी गुप्त कमरे में छिपा था, पुलिस ने दबोचा
शिल्पांचल टुडे, कुल्टी।
रेलवे में नौकरी दिलाने के नाम पर लाखों की ठगी करने वाले शातिर ठग को आखिरकार पुलिस ने धर दबोचा। आरोपी आशीष बोस छत पर बने एक गुप्त कमरे में छिपा हुआ था, जहां से नियामतपुर फांड़ी पुलिस ने रविवार शाम छापेमारी कर उसे गिरफ्तार किया।
कैसे फंसा ठगी का जाल?
पुलिस के अनुसार, आरोपी के खिलाफ चित्तरंजन और आसपास के इलाकों में कई शिकायतें दर्ज हैं।
– एक पीड़ित महिला का आरोप है कि 2021 में चित्तरंजन रेल कारखाने (CLW) में नौकरी दिलाने के नाम पर उससे 25 लाख रुपये लिए गए। न नौकरी मिली, न पैसे वापस आए।
– वहीं एक अन्य व्यक्ति ने आरोप लगाया कि बेटे को रेलवे में नौकरी दिलाने के लिए उसने आरोपी को 8 लाख रुपये दिए थे। बाद में पैसे मांगने पर लगातार टालमटोल किया जाता रहा।
फ्लैट की छत पर बना रखा था सीक्रेट ठिकाना
पुलिस को सूचना मिली थी कि आरोपी रूपनारायणपुर के रूपनगर इलाके में एक फ्लैट में छिपा है। जब पुलिस वहां पहुंची तो वह फ्लैट की छत पर बने एक गुप्त कमरे में छिपा मिला। काफी देर तक तलाशी के बाद उसे बाहर निकाला गया।
बताया जा रहा है कि आरोपी के खिलाफ आसनसोल-दुर्गापुर पुलिस कमिश्नरेट के कई थानों में ठगी के मामले दर्ज हैं। गिरफ्तारी के बाद सोमवार को उसे आसनसोल कोर्ट में पेश किया गया, जहां पुलिस ने रिमांड की मांग की है।
अब पुलिस जांच कर रही है कि क्या आशीष अकेले ही इस ठगी को अंजाम दे रहा था या इसके पीछे कोई बड़ा गिरोह काम कर रहा है।
