जामुड़िया में चुनावी तैयारी तेज: DEO, CP और DCP उतरे जमीन पर, मतदाताओं से कहा- डरें नहीं, बेझिझक डालें वोट
आसनसोल । पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 से पहले जामुड़िया क्षेत्र में प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद हो गया है। चुनाव आयोग के निर्देशों का पालन करते हुए जिला निर्वाचन अधिकारी पोन्नाबलम एस, आसनसोल-दुर्गापुर पुलिस कमिश्नरेट के पुलिस आयुक्त डॉ. प्रणव कुमार और डीसीपी ध्रुव दास ने बुधवार को जामुड़िया के कई गांवों का सघन दौरा किया।
भयमुक्त मतदान प्रशासन की पहली प्राथमिकता
अधिकारियों ने साफ किया कि चुनाव आयोग की मंशा के अनुरूप स्वतंत्र, निष्पक्ष और भयमुक्त मतदान कराना प्रशासन की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है। आयोग ने निर्देश दिया है कि हर मतदाता बिना किसी दबाव, लालच या भय के अपने मताधिकार का इस्तेमाल कर सके। इसके लिए संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त केंद्रीय बलों की तैनाती, ड्रोन व सीसीटीवी से निगरानी और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के सख्त आदेश पहले ही जारी किए जा चुके हैं।
गांव-गांव जाकर मतदाताओं से किया सीधा संवाद
दौरे के दौरान तीनों शीर्ष अधिकारियों ने गांवों में जाकर लोगों से सीधे बात की। उन्होंने ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि मतदान के दिन सुरक्षा के चाक-चौबंद इंतजाम रहेंगे। पुलिस और प्रशासन की टीमें लगातार गश्त पर रहेंगी। अधिकारियों ने अपील की कि कोई भी मतदाता किसी के दबाव में न आए और निडर होकर बूथ तक पहुंचे।
माइकिंग से जागरूकता, भारी पुलिस बल तैनात
पूरे दौरे के दौरान बड़ी संख्या में पुलिस बल साथ रहा। इलाके में माइकिंग कर लोगों को बताया गया कि जिला प्रशासन और पुलिस के आला अधिकारी खुद उनकी समस्याएं सुनने आए हैं। मतदाताओं से कहा गया कि वे खुलकर अपनी बात रखें और किसी भी तरह की शिकायत तुरंत कंट्रोल रूम या नजदीकी थाने में दर्ज कराएं।
लोगों में बढ़ा भरोसा
अधिकारियों की इस पहल से जामुड़िया के ग्रामीण इलाकों में लोगों का भरोसा बढ़ा है। स्थानीय लोगों ने कहा कि प्रशासन के आला अफसरों का गांव तक आना और सीधे संवाद करना पहली बार हुआ है। इससे शांतिपूर्ण और निष्पक्ष चुनाव होने की उम्मीद जगी है।
प्रशासन का दावा है कि आने वाले दिनों में इसी तरह सभी संवेदनशील क्षेत्रों में रूट मार्च और जनसंपर्क जारी रहेगा, ताकि मतदान का प्रतिशत बढ़े और चुनाव पूरी तरह शांतिपूर्ण रहे।












