उद्देश्य से प्रेरित: आसनसोल को बदलने के लिए पूर्व रेलवे का ‘ग्रीन लेगेसी मिशन’
कोलकाता, 24 जून, 2026। 25.06.2026 को, आसनसोल की मिट्टी भविष्य के एक संकल्प को अपनी गोद में समेटेगी। पूर्व रेलवे के महाप्रबंधक मिलिंद देउस्कर के गतिशील नेतृत्व में बड़ी संख्या में स्वदेशी फलों के पौधों के वितरण के साथ “ग्रीन लेगेसी मिशन” (हरित विरासत मिशन) की शुरुआत होगी। इस आयोजन के एक मुख्य आकर्षण के रूप में, महाप्रबंधक मिलिंद देउस्कर स्वयं कल इस कार्यक्रम में उपस्थित रहकर इसका उद्घाटन करेंगे और इस अभियान को अपना सीधा समर्थन देंगे। यह पहल हर भागीदार कर्मचारी को एक “ग्रीन एंबेसडर” (हरित दूत) में बदलने और रेलवे परिवार तथा धरती माता के बीच एक भावनात्मक बंधन विकसित करने का एक हार्दिक आंदोलन है। 25.06.2026 को आसनसोल में जो जड़ें रोपी जा रही हैं, वे एक बहुत बड़े सपने की पहली धड़कन मात्र हैं।
यह पवित्र शुरुआत जल्द ही पूरे ज़ोन के हर मंडल (डिवीजन) और कारखाने (वर्कशॉप) में गूंजेगी, जिससे पूरा रेलवे परिवार एक वास्तविक हरित पूर्व रेलवे के जीवंत शामियाने (कैनोपी) के रूप में बदल जाएगा।
आसनसोल मंडल के मंडल रेल प्रबंधक संग्रह मौर्य के समर्पित मार्गदर्शन में यह कार्यक्रम एक आत्मीय सामुदायिक अभियान का रूप ले लेता है। शाखा अधिकारी कर्मचारियों को देशी फलदार पौधे वितरित करेंगे, जिन्हें वे अपने सरकारी आवासों अथवा उपयुक्त स्थानों पर लगाकर उनकी देखभाल और उन्हें विकसित वृक्ष बनाने का संकल्प लेंगे। इस अभियान में परिवारों की सक्रिय भागीदारी भी सुनिश्चित की गई है। पौधारोपण के समय परिवारजन तस्वीरें लेंगे और अगले वर्ष 5 जून (विश्व पर्यावरण दिवस) को अपनी-अपनी शाखाओं के व्हाट्सएप समूहों में पौधों की प्रगति साझा करेंगे। इस प्रकार पर्यावरणीय जिम्मेदारी एक साझा पारिवारिक आनंद में परिवर्तित होकर एक स्थायी “रेलवे ग्रीन नेटवर्क” का निर्माण करेगी।
यह पहल इसलिए अत्यंत महत्वपूर्ण है क्योंकि यह मानव और प्रकृति के बीच के संबंध को पुनः सशक्त बनाती है। संगठनात्मक स्तर पर यह पूर्व रेलवे की सतत विकास के प्रति प्रतिबद्धता को और मजबूत करेगी, कर्मचारियों की सहभागिता बढ़ाएगी तथा सकारात्मक कार्य-संस्कृति का निर्माण करेगी। व्यक्तिगत स्तर पर यह ताजे एवं पौष्टिक फलों की उपलब्धता के माध्यम से बेहतर स्वास्थ्य को प्रोत्साहित करेगी, स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देगी तथा स्वच्छ एवं हरित वातावरण प्रदान करेगी। पर्यावरणीय दृष्टि से यह परियोजना हरित क्षेत्र में वृद्धि करेगी, वायु गुणवत्ता में सुधार लाएगी, कार्बन अवशोषण के माध्यम से जलवायु परिवर्तन से लड़ने में सहायता करेगी तथा जैव विविधता को समृद्ध बनाएगी। इन पौधों का संरक्षण और संवर्धन भविष्य की पीढ़ियों में पर्यावरणीय चेतना का संचार करेगा और एक स्थायी हरित विरासत सुनिश्चित करेगा।
इस अभियान के व्यापक प्रभाव को रेखांकित करते हुए पूर्व रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी श्री शिबराम माझि ने कहा: “‘ग्रीन लेगेसी मिशन’ का मकसद सिर्फ़ ज़मीन में पौधे लगाना नहीं है, बल्कि प्यार, ज़िम्मेदारी और उम्मीद का बीज बोना भी है। कल आसनसोल में लगाया जाने वाला प्रत्येक पौधा एक जीवंत विरासत का प्रतीक होगा, जो आने वाली पीढ़ियों को छाया और पोषण प्रदान करेगा तथा यह सिद्ध करेगा कि विकास और प्रकृति साथ-साथ फल-फूल सकते हैं।”














