पश्चिम बंग प्रादेशिक मारवाड़ी सम्मेलन के रानीगंज शाखा की तरफ किया गया कंबल वितरण
आसनसोल । पश्चिम बंग प्रादेशिक मारवाड़ी सम्मेलन के रानीगंज शाखा की तरफ से रविवार रानीगंज के 89 नंबर वार्ड अंतर्गत ओल्ड हटिया में शिव मंदिर के निकट एक कंबल वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कंबल वितरण कार्यक्रम के दौरान लगभग 200 जरूरतमंदों को कंबल वितरित किया गया। इस मौके पर यहां और रानीगंज बोरो 2 के चेयरमैन मुजम्मिल शहजादा मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे। इनके अलावा यहां पश्चिम बंग प्रादेशिक मारवाड़ी सम्मेलन के अध्यक्ष ओमप्रकाश बाजोरिया, सचिव विमल अग्रवाल, कोषाध्यक्ष अनिल तोडानी, संस्था के मुख्य सलाहकार आरपी खेतान, संस्था के एक और सलाहकार अरुण भरतीया तथा मार्गदर्शक अनिल लोहारू सहित अन्य उपस्थित थे।
इस मौके पर ओम प्रकाश बाजोरिया ने कहा कि संगठन के प्रांतीय अध्यक्ष नंदकिशोर अग्रवाल के सहयोग से आज संगठन के रानीगंज शाखा की तरफ से कंबल वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस कार्यक्रम को सफल बनाने में मुजम्मिल शहजादा सहित संगठन के सभी लोगों ने भरपूर योगदान दिया है। उन्होंने कहा कि उनका संगठन हमेशा इस तरह के सामाजिक कार्य करता है। चाहे वह इस तरह के कंबल वितरण का कार्यक्रम हो या त्योहार में वस्त्र वितरण या जरूरतमंद परिवारों के घरों की लड़कियों की शादी की व्यवस्था करना। पश्चिम बंगा प्रादेशिक मारवाड़ी सम्मेलन हमेशा इस तरह के कार्यक्रम करता रहता है। उन्होंने कहा कि इस कार्यक्रम को सफल बनाने में मुजम्मिल शहजाद का काफी बड़ा योगदान रहा और इसके लिए उन्होंने मुजम्मिल शहजादा को धन्यवाद दिया। दूसरी तरफ मुजम्मिल शहजादा ने संस्था को धन्यवाद दिया जिन्होंने 89 नंबर वार्ड में कंबल वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया। उन्होंने कहा कि संगठन से जुड़े जितने भी लोग हैं उन सबको वह बहुत पहले से पहचानते हैं और इन सब का सामाजिक कार्यों में उल्लेखनीय योगदान रहता है
और आज 89 नंबर वार्ड में कंबल वितरण का कार्यक्रम किया जा रहा है जिससे कि इस कड़ाके की ठंड में इस क्षेत्र के लोगों को राहत मिलेगी उन्होंने कहा कि जिस तरह से पश्चिम बंगा प्रादेशिक मारवाड़ी सम्मेलन लगातार सामाजिक कार्य करता रहता है उनकी जितनी तारीफ की जाए कम है वही संगठन के सलाहकार अरुण भरतीया ने कहां की संस्था के प्रांतीय अध्यक्ष नंद किशोर अग्रवाल की प्रेरणा से इस कार्यक्रम का आयोजन किया जा सकता है। उन्होंने इस कार्यक्रम को सफल बनाने में जिन्होंने भी योगदान दिया उन सब का धन्यवाद किया।












