अब सोने का समय नहीं’: बिहार में 12 नई टाउनशिप, 6.5 लाख करोड़ निवेश का रोडमैप, CM बोले- ‘बिहार समृद्ध होगा तभी विकसित भारत’
पटना । पटना के बापू सभागार में आयोजित जी बिजनेस के ‘भरोसे की च्वाइस- पटना एडिशन’ (11वें संस्करण) कार्यक्रम की शुरुआत मुख्यमंत्री ने दीप प्रज्ज्वलित कर की, च्वाइस ग्रुप के मैनेजिंग डायरेक्टर कमल पोद्दार और जी बिजनेस के प्रबंध संपादक अनिल सिंघवी ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को बुके और मोमेंटो देकर सम्मानित किया। मंच पर विशिष्ट उद्योगपति महेंद्र शर्मा भी उपस्थित थे। इस दौरान पूरा हॉल तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। मुख्यमंत्री ने साफ किया कि सरकार का मुख्य लक्ष्य राज्य में रोजगार के नए अवसर पैदा करना और बिहार को देश के अग्रणी राज्यों की श्रेणी में खड़ा करना है। उन्होंने राज्य के औद्योगिक और आर्थिक विकास को लेकर” कहा भारत तभी पूर्ण रूप से विकसित होगा, जब हमारा बिहार समृद्ध होगा। आज से 2000 वर्ष पूर्व इस धरती ने देश को स्वर्णिम काल दिया था और हमें अपने उसी गौरवशाली अतीत की विरासत को पुनः स्थापित करना है।”
24 घंटे में 20 घंटे काम का संकल्प: “बिहार को आगे बढ़ाने के लिए हम सभी को दिन-रात जागकर काम करना होगा। अब सोने का समय नहीं है, राज्य को बदलने के लिए 24 घंटे में से 20 घंटे से अधिक काम सरकार और जनता दोनों को मिलकर करना पड़ेगा।”
उद्योगों के लिए 30 दिनों में क्लियरेंस: “बिहार में निवेश को बढ़ावा देने के लिए प्रक्रियाओं को आसान किया गया है। उद्योग स्थापित करने के इच्छुक निवेशकों को अब लंबी प्रक्रियाओं से नहीं गुजरना होगा, आवेदन के 30 दिनों के भीतर ऑटोमैटिक (स्वचालित) क्लियरेंस मिलेगा।”
12 नई टाउनशिप और 6.5 लाख करोड़ का निवेश: “बिहार में विकास की नई रफ्तार के लिए 6 लाख 25 हजार एकड़ भूमि पर 12 नई टाउनशिप विकसित की जा रही हैं। इन टाउनशिप परियोजनाओं के माध्यम से राज्य में लगभग 6.5 लाख करोड़ रुपये का भारी-भरकम निवेश आने वाला है, जिसमें इंडस्ट्रियल कॉरिडोर और औद्योगिक पार्क भी शामिल होंगे।”
विकास की त्रिवेणी: “उद्योग, निवेश और जनभागीदारी ही बिहार के विकास की नई उड़ान में सबसे बड़ी ताकत और प्रमुख आधार बनेंगे। बिहार के उद्योगपति, चार्टर्ड अकाउंटेंट (CA), कंपनी सेक्रेटरी (CS) और वित्तीय विशेषज्ञ इसमें अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएं।”
सुरक्षा और निवेशकों का भरोसा: “ज़ी बिजनेस ने बिहार पर जो भरोसा जताया है, हम उस पर पूरी तरह खरे उतरेंगे। बिहार जिस ट्रैक पर चल पड़ता है, फिर पीछे मुड़कर नहीं देखता। निवेशकों को राज्य में पूरी सुरक्षा और विश्वस्तरीय सुविधाएं दी जाएंगी।”














