“अन्नपूर्णा भंडार की राशि नहीं मिली तो भड़के ग्रामीण: दुर्गापुर के गोगला पंचायत में प्रधान पर अंडे फेंके, पुलिस ने संभाला मोर्चा”
आवेदन दबाने और पक्षपात का आरोप, ग्रामीणों का दावा – “गरीबों को नहीं मिल रहा, पक्के मकान वालों को फायदा”
दुर्गापुर, 9 जुलाई 2026। राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी अन्नपूर्णा भंडार योजना की राशि समय पर न मिलने से दुर्गापुर-फरीदपुर ब्लॉक के गोगला ग्राम पंचायत में गुरुवार को जमकर बवाल हुआ। गुस्साए ग्रामीणों ने पंचायत प्रधान का घेराव कर दिया और विरोध में उन पर अंडे फेंके। मौके पर पहुंची लाउदोहा थाना पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद स्थिति को नियंत्रित किया।
“आवेदन दबाए बैठे हैं प्रधान” – ग्रामीणों का आरोप
पंचायत परिसर मंगलवार को रणक्षेत्र बन गया। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि गरीब परिवारों की महिलाओं ने महीनों पहले अन्नपूर्णा भंडार योजना के लिए आवेदन दिए थे, लेकिन आज तक उनके बैंक खातों में एक भी रुपया नहीं आया।
ग्रामीणों का आरोप है कि पंचायत प्रधान ने पात्र महिलाओं के आवेदन आगे नहीं भेजे, बल्कि उन्हें कार्यालय में ही रोक रखा है। लोगों का कहना है कि योजना में पारदर्शिता नहीं है।
“यहां पहचान और सियासी रसूख देखकर लाभ दिया जा रहा है। जिनके दो मंजिला पक्के मकान हैं, उनके खाते में पैसे आ गए। लेकिन जो सच में गरीब हैं, उन्हें कुछ नहीं मिला।”
एक प्रदर्शनकारी ने कहा, _”सरकार 3000 रुपये दे रही है, प्रधान अपनी जेब से नहीं दे रहे। अगर जल्द राशि नहीं आई तो आंदोलन और बड़ा होगा।”
महिलाओं ने उठाए सवाल
एक स्थानीय महिला ने मुख्यमंत्री के बयान का हवाला देते हुए कहा, “दीदी ने कहा था हर महिला के खाते में पैसा जाएगा। सरकारी और निजी स्कूल, आंगनवाड़ी की महिलाओं को मिल रहा है, तो गरीब घर की महिलाओं के साथ भेदभाव क्यों? जिन सबने आवेदन किया है, सबको पैसा मिलना चाहिए। पंचायत हमारे फॉर्म क्यों नहीं दिखा रही?”
अंडे फेंककर जताया विरोध, पुलिस ने संभाला हालात
आरोपों को लेकर आक्रोश बढ़ने पर ग्रामीणों ने प्रधान के खिलाफ नारेबाजी की और उन पर अंडे फेंके। माहौल तनावपूर्ण होता देख लाउदोहा थाना की पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को समझा-बुझाकर शांत कराया।
घटना के बाद पूरे गोगला पंचायत क्षेत्र में तनाव का माहौल है।प्रदर्शनकारियों द्वारा लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो पाई है। इस मामले में पंचायत प्रधान का पक्ष अभी सामने आना बाकी है।















