हिमोफीलिया केयर को मजबूती – बांकुड़ा मेडिकल कॉलेज और विष्णुपुर अस्पताल में दुर्गापुर चैप्टर की सफल एडवोकेसी बैठक, मरीजों को मिलेगी बड़ी राहत
दुर्गापुर । हिमोफीलिया मरीजों की बेहतर देखभाल के लिए लगातार प्रयासरत हिमोफीलिया सोसाइटी – दुर्गापुर चैप्टर (HSDC) ने अपनी एडवोकेसी मुहिम के तहत बांकुड़ा और विष्णुपुर के दो बड़े सरकारी अस्पतालों का दौरा किया। सोसाइटी के सदस्यों ने हिमोफीलिया ग्रसित व्यक्तियों और उनके परिजनों के साथ 19 अगस्त को बांकुड़ा मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल और 25 अगस्त को विष्णुपुर सरकारी अस्पताल में प्रशासन से मुलाकात की।
बांकुड़ा मेडिकल कॉलेज में बड़ा फैसला: अब सीधे मेडिकल वार्ड में होगा दाखिला
बांकुड़ा मेडिकल कॉलेज में प्रतिनिधिमंडल ने प्रिंसिपल, एमएसवीपी (मेडिकल सुपरिंटेंडेंट-कम-वाइस प्रिंसिपल), एडिशनल मेडिकल सुपरिंटेंडेंट, डॉक्टरों और नर्सिंग टीम के साथ इमरजेंसी प्रबंधन, उपचार और समग्र देखभाल पर सार्थक चर्चा की।
इस दौरान प्रो. (डॉ.) अर्पण गोस्वामी, एमएसवीपी ने एक महत्वपूर्ण आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि अब से गंभीर ब्लीडिंग के साथ अस्पताल पहुंचने वाले हिमोफीलिया मरीजों को सीधे मेडिकल वार्ड में भर्ती किया जाएगा, जिससे उन्हें बार-बार इमरजेंसी और मेडिकल वार्ड के बीच भागना नहीं पड़ेगा।
नई व्यवस्था के तहत परिजन इमरजेंसी विभाग में जरूरी कागजी कार्रवाई और प्रिस्क्रिप्शन की औपचारिकता पूरी करेंगे और फिर उस पर्ची को मेडिकल वार्ड में जमा करेंगे ताकि तुरंत क्लॉटिंग फैक्टर रिप्लेसमेंट थेरेपी शुरू की जा सके। इससे इलाज में होने वाली देरी और परेशानी कम होगी, जो अंततः गंभीर दर्द, स्थायी विकलांगता और असमय मृत्यु को रोकने में मददगार साबित होगी।
विष्णुपुर में 365 दिन दवा उपलब्धता और विकलांगता प्रमाण पत्र पर चर्चा
विष्णुपुर सरकारी अस्पताल में सीएमओएच, मेडिकल सुपरिंटेंडेंट और डॉक्टरों की टीम के साथ बैठक में 365 दिन 24 घंटे जीवनरक्षक एंटी-हिमोफिलिक क्लॉटिंग फैक्टर्स की निर्बाध उपलब्धता, दिव्यांग प्रमाण पत्र प्राप्त करने में आने वाली चुनौतियों और समग्र हिमोफीलिया देखभाल को मजबूत करने पर चर्चा हुई।
इस दौरान मेडिकल सुपरिंटेंडेंट डॉ. शुभंकर कयाल ने एक बड़ी घोषणा की। उन्होंने कहा कि हिमोफीलिया ग्रसित व्यक्तियों के दिव्यांगता प्रमाण पत्र के मूल्यांकन के लिए जल्द ही एक विशेष तारीख तय की जाएगी, जिससे पात्र मरीजों के लिए यह प्रक्रिया आसान और सुलभ हो सकेगी।
अजय रॉय ने जताया आभार
एचएसडीसी की ओर से सचिव अजय रॉय ने अस्पताल प्रशासन, डॉक्टरों और नर्सों का बहुमूल्य समय देने, धैर्यपूर्वक उनकी समस्याएं सुनने और हिमोफीलिया मरीजों के लिए त्वरित, मरीज-अनुकूल और परेशानी-मुक्त सेवाएं सुनिश्चित करने के आश्वासन के लिए दिल से धन्यवाद दिया।
सोसाइटी ने कहा, “लगातार एडवोकेसी और सहयोग के माध्यम से हम पश्चिम बंगाल में समग्र हिमोफीलिया देखभाल को मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।”














