‘माता भूमिः पुत्रो अहं पृथिव्याः’: दयानंद विद्यालय में वेद और संविधान के संग मना पर्यावरण दिवस
आसनसोल, 5 जून 2026। विश्व पर्यावरण दिवस पर आसनसोल दयानंद विद्यालय (H.S.) का परिसर वैदिक ऋचाओं और संवैधानिक संकल्पों से गूंज उठा। शिक्षक प्रभारी नारायण पासवान और सह प्रभारी रवि कुमार के नेतृत्व में छात्रों ने “एक पेड़ माँ के नाम” अभियान के तहत पौधरोपण कर हरित भारत का संकल्प लिया।
‘ग्रीन एम्बेसडर’ बने छात्र, हाथों में थे जागरूकता पोस्टर
कार्यक्रम की शुरुआत परिसर में सामूहिक पौधरोपण से हुई। इस दौरान स्कूल के ‘ग्रीन एम्बेसडर’ छात्र पर्यावरण जागरूकता के चार्ट, पोस्टर और स्लोगन बोर्ड लेकर खड़े दिखे। वरिष्ठ शिक्षक उदय कुमार सिंह, सुशील कुमार, अंकित कुमार, कुणाल कुमार, शिजू नारायण, विभास कुमार पाठक, सुनील ठाकुर और तपन कुमार घासी मुख्य रूप से मौजूद रहे।
वेदों से मिला पर्यावरण का संदेश
शिक्षकों ने अथर्ववेद के भूमि सूक्त “माता भूमिः पुत्रो अहं पृथिव्याः” का पाठ कर बताया कि धरती हमारी माता है। यजुर्वेद के शांति पाठ ‘ॐ द्यौः शांतिरन्तरिक्षं शांतिः’ से जल, वायु और वनस्पति की शुद्धता की प्रार्थना की गई।
संविधान ने भी सिखाया कर्तव्य
विद्यार्थियों को अनुच्छेद 48A के तहत राज्य के कर्तव्य, अनुच्छेद 51A(g) के तहत नागरिकों के मूल कर्तव्य और अनुच्छेद 21 के तहत ‘स्वच्छ पर्यावरण के अधिकार’ की जानकारी दी गई।

सामूहिक संकल्प के साथ समापन
इस वर्ष का उद्देश्य सिर्फ पौधरोपण नहीं, बल्कि जल-वायु संरक्षण, प्लास्टिक का कम उपयोग और स्वच्छता रहा। अंत में सभी छात्र-छात्राओं ने शिक्षकों की मौजूदगी में पर्यावरण संरक्षण की शपथ ली। प्रधानाचार्य ने सभी के प्रयासों की सराहना करते हुए इसे रोजमर्रा के जीवन में उतारने की अपील की।















