आसनसोल उत्तर से बीजेपी प्रत्याशी कृष्णेंदु मुखर्जी ने जारी किया ‘जन संकल्प पत्र’, ट्रैफिक-रोजगार समेत विकास को बताया मुख्य मुद्दा
आसनसोल । पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 को सामने रखकर आसनसोल उत्तर विधानसभा क्षेत्र में राजनीतिक सरगर्मी लगातार बढ़ रही है। इस पृष्ठभूमि में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के प्रत्याशी कृष्णेंदु मुखर्जी ने इलाके के समग्र विकास के लक्ष्य के साथ अपना ‘जन संकल्प पत्र’ जारी किया।
प्रकाशित संकल्प पत्र में कृष्णेंदु मुखर्जी ने “आसनसोल उत्तर का समग्र और संतुलित विकास” को ही मुख्य लक्ष्य बताया। उन्होंने कहा कि इलाके की लंबे समय से चली आ रही समस्याओं के स्थायी समाधान के लिए स्पष्ट और समयबद्ध योजना तैयार की गई है।
संकल्प पत्र में पेयजल संकट का समाधान, सड़क व जल निकासी व्यवस्था का विकास, स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करना और युवाओं के लिए रोजगार सृजन को प्राथमिकता दी गई है। इसके साथ ही कानून-व्यवस्था की स्थिति में सुधार और महिलाओं की सुरक्षा व सशक्तिकरण पर भी विशेष जोर दिया गया है।
इलाके की सबसे बड़ी समस्याओं में से एक ट्रैफिक जाम को लेकर भी उन्होंने विशेष योजना रखी। अदालत रोड रेलगेट और बुधा पानी टैंक मोड़ जैसे व्यस्त ट्रैफिक जाम वाले इलाकों में स्थायी समाधान का आश्वासन दिया। इसके अलावा जिला अस्पताल और हट्टन रोड से सटे इलाके में मरीजों व आम लोगों की सुविधा के लिए विशेष व्यवस्था शुरू करने की बात भी कही।
टोटो व ऑटो चालकों की समस्याओं का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि तय रूट निर्धारित किए जाएंगे और स्टैंड को वैध मान्यता दी जाएगी। इससे एक ओर जहां यातायात सामान्य होगा, वहीं चालकों की आजीविका भी सुरक्षित होगी।
युवाओं के लिए कौशल विकास कार्यक्रम और रोजगारपरक योजनाएं शुरू करने का वादा भी संकल्प पत्र में किया गया है। कृष्णेंदु मुखर्जी ने कहा, “आसनसोल उत्तर की जनता बदलाव चाहती है और विकास ही इस बार चुनाव का मुख्य मुद्दा होगा।”
उन्होंने मतदाताओं से बीजेपी को समर्थन देने की अपील करते हुए भरोसा दिलाया कि बुनियादी ढांचे के विकास में कोई कमी नहीं रखी जाएगी।
कार्यक्रम में बीजेपी के जिला अध्यक्ष देवतनु भट्टाचार्य, मदन मोहन चौबे, दुर्गेश नागी, पूर्व जिला अध्यक्ष दिलीप दे, भृगु ठाकुर व सुदीप चौधरी समेत कई नेता-कार्यकर्ता मौजूद थे। भारी संख्या में समर्थकों की मौजूदगी से कार्यक्रम बेहद अहम हो गया।
राजनीतिक हलकों का मानना है कि ट्रैफिक समस्या और रोजगार जैसे स्थानीय मुद्दों को सामने रखकर तैयार किया गया यह ‘जन संकल्प पत्र’ चुनाव में बीजेपी के पक्ष में सकारात्मक असर डाल सकता है। अब देखना यह है कि मतदाता इस विकासोन्मुखी वादे को कितना समर्थन देते हैं।












