आसनसोल भाजपा में ‘अंदरूनी खिचड़ी’? 5 विधायकों की मंत्री से गुप्त मुलाकात से मचा सियासी भूचाल, 4 विधायक क्यों रहे नदारद?
आसनसोल, शिल्पांचल टुडे।
पश्चिम बर्दवान की राजनीति में इन दिनों एक तस्वीर ने भूचाल ला दिया है। 2026 में जिले की सभी 9 सीटों पर जीत दर्ज करने वाली भाजपा में सब कुछ ठीक नहीं होने की चर्चा जोरों पर है।
क्या है पूरी कहानी?
बताया जा रहा है कि जिले के 5 भाजपा विधायक अचानक लोक निर्माण विभाग के मंत्री डॉ. अजय पोद्दार से मिलने पहुंचे और उसके तुरंत बाद मुख्यमंत्री से भी मुलाकात की। इस दौरान जिला अध्यक्ष देवतनु भट्टाचार्य भी उनके साथ मौजूद थे।
इस मुलाकात की एक तस्वीर सामने आने के बाद से ही राजनीतिक गलियारों में हड़कंप मचा हुआ है, क्योंकि इस तस्वीर में 9 में से सिर्फ 5 विधायक ही नजर आ रहे हैं।
कौन रहे गायब, किसकी मौजूदगी ने बढ़ाया सस्पेंस?
तस्वीर से रानीगंज के विधायक पार्थ घोष, जमुरिया के विधायक डॉ. बिजन मुखर्जी और सबसे अहम, आसनसोल दक्षिण की विधायक और शहरी विकास मंत्री अग्निमित्रा पॉल नदारद हैं।
यही वजह है कि सवाल उठ रहा है – क्या यह महज एक सामान्य शिष्टाचार मुलाकात थी या संगठन के अंदर कुछ बड़ा पक रहा है?
9 में से 5 ही क्यों?
गौरतलब है कि पश्चिम बर्दवान में भाजपा का क्लीन स्वीप है:
रानीगंज से पार्थ घोष, जमुरिया से डॉ. बिजन मुखर्जी, आसनसोल दक्षिण से अग्निमित्रा पॉल, आसनसोल उत्तर से कृष्णेंदु मुखर्जी, कुल्टी से अजय कुमार पोद्दार, बाराबनी से अरिजित राय, पांडवेश्वर से जितेंद्र तिवारी और दुर्गापुर की दोनों सीटों से भाजपा विधायक।
जब सभी 9 विधायक एक ही पार्टी के हैं, तो मंत्री से मिलने सिर्फ 5 ही क्यों गए? क्या यह बैठक पहले से तय थी? अगर तय थी तो बाकी 4 को क्यों नहीं बुलाया गया?
फिलहाल इस मुलाकात के एजेंडे को लेकर न तो विधायकों की तरफ से और न ही भाजपा संगठन की तरफ से कोई आधिकारिक बयान आया है। इसलिए अंदरूनी खींचतान की बात को अभी सिर्फ अटकल ही कहा जा सकता है।
लेकिन एक बात तय है – तस्वीर में कौन था और कौन नहीं था, इसने पश्चिम बर्दवान भाजपा की एकजुटता पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। आने वाले दिनों में इस सियासी खिचड़ी की सच्चाई सामने आ सकती है।














